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गोरखपुर

सीआरडी के बीएड विभाग में सम्पन्न हुआ शिक्षक अभिभावक सम्मेलन

गोरखपुर(विनय तिवारी)। चन्द्रकान्ति रमावती देवी आर्य महिला पीजी कॉलेज, गोरखपुर के बीए विभाग में आज ऑनलाइन शिक्षक-अभिभावक सम्मेलन का आयोजन हुआ। इस अवसर पर सभी अभिभावकों और शिक्षकों को सम्बोधित करते हुए शिक्षक अभिभावक संघ के अध्यक्ष श्री कृष्ण कुमार ने कहा कि माता-पिता, शिक्षक और बच्चे की साझेदारी स्कूली प्रक्रिया को समृद्ध और प्रभावी बनाती है। माता-पिता आपने बच्चे के पहले शिक्षक होते है उनका सहयोग बच्चे की पढ़ाई और विकास को प्रभावित करता है। एक सफल अभिभावक बनने के लिये आपको शिक्षको के साथ निरंतर बातचीत करने की आवश्यकता होती है।
इसके पूर्व अभिभावक गणों का स्वागत करते हुए महाविद्यालय प्रबंधक डॉ. विजयलक्ष्मी मिश्रा ने अभिभावकों से आहवान किया कि वे छात्राओं के शिक्षण स्तर को उच्च बनाए रखने के लिये स्कूल प्रबंधन का सहयोग करें।
प्राचार्या डॉ. सुमन सिंह ने कहा कि स्कूली शिक्षा से विद्यार्थी के ज्ञान का विकास तो होता है लेकिन बौद्धिक व संस्कारों के विकास के लिये विद्यार्थी को स्कूल के अलावा घर में भी ऐसा ही माहौल होना चाहिये। विद्यार्थी में इन गुणों के विकास के लिये आवश्यक है कि अध्यापक व अभिभावक एक दूसरे के संपर्क में रहे। आईक्यू०एसी समन्वयक डॉ0 रेखा श्रीवास्तव ने कार्यक्रम के लाभ और उद्देश्य पर प्रकाश डाला।

कार्यक्रम संचालन बी.एड्. विभाग की शिक्षक अभिभावक सम्मेलन की समन्वयक डॉ0 ममता तिवारी ने किया आभार ज्ञापन बीएड विभागाध्यक्ष डॉ० अपर्णा मिश्रा ने किया। सम्मेलन में अभिभावको व अध्यापको ने विद्यार्थियों के शिक्षण स्तर को बेहतर बनाने के लिये खुलकर विचार-विमर्श किया। अध्यापकों ने अभिभावकों को उनके बच्चों की वर्तमान स्थिति से अवगत कराया संबंधित शिक्षको ने बच्चों के बौद्धिक, मानसिक व शारीरिक विकास को मजबूत बनाने के टिप्स दिये।
इस अवसर पर महाविद्यालय की शिक्षक-अभिभावक सम्मेलन की समन्वय डॉ0 रेखा रानी शर्मा, बीएड विभाग से डॉ0 इतेन्द्रधर दूबे,अनन्त पाठक, डॉ0 विकास श्रीवास्तव, डॉ0 शैलेन्द्र राव, श्रीमती श्वेता सिंह, सुश्री सुमनलता यादव, श्रीमती ऋचा दूबे एवं डॉ0 सारिका दूबे उपस्थित रही।

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