ब्रेकिंग
पीजी कॉलेज में नियंता मंडल की बैठक परिचय पत्र और ड्रेस कोड में ही मिलेगा प्रवेशयोगीराज में भाई की हत्या के मामले में न्याय की आस लगाए दर-दर भटक रहा रवि“हरा भरा हो गीडा अपना” यही है केयान इंडस्ट्रीज का सपनाविदेश कमाने गए पति पर खर्च न देने का पत्नी ने लगाया आरोप।चार दुकानों का ताला तोड़ चोरी से क्षेत्र में मचा हड़कंप।एसपी ने बृजमनगंज थाना का किया औचक निरीक्षण, दिए आवश्यक निर्देश।नीजी अस्पताल मे प्रसव के दौरान महिला की मौत संचालक फरारपूर्व चेयरमैन व ब्लॉक प्रमुख प्रतिनिधि ने मुख्यमंत्री से भेंट कर विकास कार्यों पर की चर्चाडिजिटल भारत के विकास में टैबलेट की भूमिका महत्वपूर्ण: जयमंगलपीजी कॉलेज में कक्षाएं 18 जुलाई से होगी शुरू218 छात्रों को स्मार्टफोन वितरित,स्मार्ट फोन पाकर बच्चो के खिले चेहरेएसडीएम व तहसीलदार फरेंदा ने बृजमनगंज क्षेत्र क्षेत्र में बाढ़ से प्रभावित गांव, और बंधा का किया निरीक्षण।नेपाल नदी में गिरी दो बसें सात भारतीय की मौत 60 लापताअवैध रूप भारत में घुसपैठ करते जर्मनी नागरिक गिरफ्तारमोहर्रम पर्व को लेकर थानेदार ने ताजियादारों के संग की बैठक।

उत्तरप्रदेशमहाराजगंज

जनपद में विद्युत विभाग का। बड़ा खेल। अधिकारी। नहीं। ले रहे कोई खबर,

महराजगंज जनपद में बिद्युत विभाग के कारनामे एक के बाद एक कंजूमर का विद्युत विभाग के अधिकारी। और कर्मचारियों का। शिकार। हो रहा है। आपको बता दें। मिली जानकारी के अनुसार।। किस तरह से। कंजूमर से। मोटा रकम लेकर के। अपनी जेब को भर रहे है, इसी प्रकार। एक मामला। संज्ञान में आया है। जोकि। बहुत ही। शर्मनाक है। कंजूमर का अकाउंट नंबर। यह बता रहा है। उसका विजली का बिल 15000 से कूछ ऊपर का है । जो। उसको। ब्याज दर माफ करके। जमा करना है वह व्यक्ति। विद्युत विभाग पहुंचा अपना बिल जमा करने। और फिर वहां से लेन देन का खेल।शुरू हो गया। कंजूमर की माने तो 750 रूपये का रशीद कटवाते हैं। और कहते हैं कि आपका बिल पूरा। भुगतान हो जाएगा आप हमको ₹6000 मात्र दे दीजिए। आप अंदाजा लगा लीजिए कि। विद्युत विभाग के कर्मचारियों द्वारा विभाग को कितना बड़ा । हानि हो रही है। मामला। यही खत्म नहीं होता है। ठीक दूसरा कंजूमर आता है और बिल संशोधन को लेकर के बात करता है और जमा करने की बात हो जाती है फिर मामला वही डील हो जाता है उसका भी अकाउंट नंबर यह है और उसके अकाउंट में बिजली विभाग का बिल जमा होना होता है लेकिन उसको समझा बुझा कर के। बिजली का बिल कम करने के नाम पर 70000के बिल का 8200 का रसीद काट दी जाती है और। कहा जाता है कि आपका बिल जमा हो जाएगा अकाउंट आपका जीरो हो जाएगा आप यहां से जाइए और वही जो पैसा बचता है 6000 आपस में बांट कर के कुछ कर्मचारी आपस में अपनी जेबें भर लेते हैं। मिली जानकारी के अनुसार मीडिया कर्मी को पता चला तो उन्होंने पता लगाया और अधीक्षण अभियंता से संपर्क करके इस बारे में जानकारी लेनी चाही तो उन्होंने कहा कि मामला आप भेजिए हमारे व्हाट्सएप पर जो भी है हम देखेंगे बाद में जांच करवाएंगे तो मामला वहां से भी । कुछ बना नहीं। देखिए। अधीक्षण अभियंता। आगे क्या करते हैं?

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button
error: Content is protected !!